टेरर फंडिंगः एनआईए ने जावेद को दिल्ली एयरपोर्ट से दबोचा, सऊदी अरब से लौटा था स्वदेश
एनआईए ने दिल्ली एयरपोर्ट से मुजफ्फरनगर जिले के छपार थाना क्षेत्र के गांव खामपुर निवासी जावेद अली को गिरफ्तार किया है। हवाला कारोबार के जरिये आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैय्यबा को फंड जुटाने के मामले में दो साल से एनआईए को जावेद की तलाश थी।


छपार थाना क्षेत्र के गांव खामपुर निवासी जावेद अली पुत्र इमरान पिछले कई साल से सऊदी अरब में रहकर कारपेंटर का काम करता था। रविवार देर रात वह सऊदी अरब से स्वदेश लौटा था, नई दिल्ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट पर पहुंचते ही उसे एनआईए की टीम ने गिरफ्तार कर लिया। दो साल पहले लश्कर के एक सरगना शेख अब्दुल नईम उर्फ सोहेल खान को एनआईए ने गिरफ्तार किया था। उससे पूछताछ के बाद खुलासा हुआ था कि जावेद सऊदी अरब से हवाला के जरिए मुजफ्फरनगर हवाला चैनल के माध्यम से टेरर फंडिंग कर रहा है।



इस मामले में नईम के अलावा पांच अन्य को भी गिरफ्तार किया गया था। जिनमें मुजफ्फरनगर के दो सराफ आदीश जैन और दिनेश उर्फ अंकित गर्ग शामिल थे। जावेद सहित पांच फरार थे। आतंकी इस फंड का इस्तेमाल लश्कर-ए-तैय्यबा भारत में रैकी करने, आतंकियों की भर्ती और विदेशी नागरिक व पर्यटकों सहित सॉफ्ट टारगेट की पहचान करने के लिए कर रहा था। 
एसपी सिटी सतपाल आंतिल का कहना है कि एनआईए द्वारा जावेद अली को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी मिली है। स्थानीय स्तर पर उसके खिलाफ किसी तरह के मुकदमे की जानकारी नहीं है। उसके साथ ही परिवार की भी जांच की जा रही है।