पूर्व चीफ जस्टिस तीरथ सिंह ठाकुर की माता श्रीमती सरस्वती ठाकुर के निधन पर गांधी जयन्ती समारोह ट्रस्ट द्वारा गांधी भवन में शोक सभा का आयोजन किया गया। 
बाराबंकी। पूर्व चीफ जस्टिस तीरथ सिंह ठाकुर की माता श्रीमती सरस्वती ठाकुर के निधन पर गांधी जयन्ती समारोह ट्रस्ट द्वारा गांधी भवन में शोक सभा का आयोजन किया गया। 

सभा की अध्यक्षता कर रहे समाजवादी चिन्तक राजनाथ शर्मा ने कहा कि जस्टिस टी.एस ठाकुर देश के 43वें प्रधान न्यायाधीश थे। जिनका कार्यकाल जनवरी 2017 में समाप्त हो गया है। उनके पिता देवी दास ठाकुर शुरूआती दौर में समाजवादी आन्दोलन से जुड़े रहे। उन्होंने हिन्दी आन्दोलन और समाजवादी विचारधारा को आगे बढ़ाने के लिए कई सत्याग्रहों में सम्मिलित हुए। कुछ वर्षों बाद वह जम्मू और कश्मीर उच्च न्यायालय के न्यायाधीश हुए। सेवानिवृति के बाद एक कुशल राजनीतिज्ञ के रूप में ख्याति अर्जित की। वह असम के राज्यपाल रहे। यही नहीं वे जम्मू और कश्मीर के उप मुख्यमंत्री तथा वित्त मंत्री भी रह चुके है। जिनकी पत्नी और पूर्व चीफ जस्टिस की माता श्रीमती सरस्वती ठाकुर का निधन बीते दिनों हो गया था। वे काफी दिनों से बीमार चल रही थी। यह जानकारी गांधी ट्रस्ट के न्यासी सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता एस.एस नेहरा ने दूरभाष पर दी। स्व. सरस्वती ठाकुर अपने पीछे बेटे और पौत्र अधिवक्ता शरण देव सिंह ठाकुर का भरा पूरा परिवार छोड़ कर दिवंगत हो गई। 

श्री शर्मा ने बताया कि अपनी माता श्रीमती सरस्वती ठाकुर से साथ रह रहे पूर्व चीफ जस्टिस टी.एस ठाकुर ने उनकी सेवा में कभी कोई कसर नहीं छोड़ी। स्व. सरस्वती ठाकुर एक सरल स्वभाव की ग्रहणी महिला थी। उनका मिलनसार व्यक्तित्व ही उनकी पहचान थी। लेकिन अधिक आयु और बीमारी ने उन्हें बेहद कमजोर कर दिया था। पूर्व चीफ जस्टिस की पत्नी और बेटा सहित परिवार के सभी जन इस समय गहरी पीड़ा में है। गांधी जयन्ती समारोह ट्रस्ट की शोक संवेदनाएं श्री ठाकुर के परिवार के साथ है। शोक सभा के अन्त में दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत की आत्म शान्ति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की गई। 

इस मौके प्रमुख रूप से वरिष्ठ अधिवक्ता सरदार राजा सिंह, विनय कुमार सिंह, मृत्युंजय शर्मा, हाजी वासिक रफीक वारसी, पाटेश्वरी प्रसाद, जिला बार एसोशिएसन के पूर्व अध्यक्ष बृजेश दीक्षित, हुमायूं नईम खान, उमानाथ यादव, सत्यवान वर्मा, पी.के सिंह, रवि प्रताप सिंह, अतीकउर्रहमान, रंजय शर्मा, मनीष सिंह, पुनीत मिश्रा एडवोकेट, ज्ञान शंकर तिवारी, मनीष यादव, नीर