बदमाश ने बीच सड़क जब माथे पर ताना तमंचा तो पुलिस वाली बनी 'लेडी सिंघम' और पकड़ लिया कुख्यात

महानगर की बन्नादेवी थाना पुलिस इंस्पेक्टर अरुणा राय ने गुरुवार को खैर थाने के हिस्ट्रीशीटर और कुख्यात बदमाश बलिया को फिल्मी स्टाइल में लेडी सिंघम बन दबोच लिया। सेंट्रो कार में सवार होकर थाने के सामने से गुजर रहे बदमाश के  पीछे संदिग्धता के आधार लगी पुलिस को देख बलिया ने भागने की कोशिश की।हड़बड़ाहट में उसने कई राहगीरों को कार से टक्कर मारकर घायल भी कर दिया। मगर, सारसौल चौराहा पर लगे जाम में वह फंस गया। घिरने पर उसने इंस्पेक्टर पर तमंचा तान दिया। मगर, इंस्पेक्टर अरुणा राय ने बदमाश को पीछे से घेरकर उसके सिर पर पिस्टल तान उसे दबोच लिया। पुलिस देर रात तक बलिया से पूछताछ में जुटी रही।वाकये दोपहर के समय का है। बन्नादेवी थाने के सामने से एक गुजरती एक सेट्रों कार चालक की गतिविधि पर इंस्पेक्टर को शक हुआ। संदिग्धता के आधार पर उन्होंने एक दरोगा को कार का पीछा कर उसे रोकने को कहा। दरोगा कार के पीछे लग गया। पुलिस के पीछे लगने पर सेंट्रो कार चला रहे बदमाश बलिया ने कार तेज स्पीड में कर दी। इससे उसकी कार की चपेट में तीन-चार राहगीर भी आ गए।इतने में दरोगा ने वायरलेस पर बदमाश के भागने की सूचना दे दी। थाना पुलिस उसके पीछे लग गई। इसी बीच सारसौल चौराहा पर लगे जाम में बलिया की कार फंस गई। पुलिस द्वारा खुद को घिरता देख उसने तमंचा निकाल लिया और पुलिस को धमकाकर वहां से भागने की कोशिश की। हालांकि इंस्पेक्टर अरुणा राय ने सूझबूझ दिखा पीछे से जाकर बलिया के सिर पर पिस्टल तान दी।इससे घबराए बलिया ने सरेंडर कर दिया। सीओ द्वितीय संजीव दीक्षित के अनुसार बलिया खैर थाने का हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ एक दर्जन से अधिक मुकदमे हैं। फिलहाल उससे पूछताछ कर पता लगाया जा रहा है कि वह किसी वारदात को अंजाम देने के लिए तो शहर नहीं आया था। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है।